अपराधउत्तर प्रदेशबाँदाबुंदेलखंडराज्य

खुद को पुलिस वाला बताया और दिखाया आइकार्ड, ई-रिक्शा रोका फिर कर दी टप्पेबाजी…

@आशीष सागर दीक्षित, बाँदा।

  • बुजुर्ग महिला राजकुमारी से सोने की अंगूठी और कंगन लेकर फरार।

बाँदा। शहर मे बढ़ते अपराधों के क्रम मे शातिर युवकों ने इस बार नया दांव चल दिया। सोशल मीडिया ने इन प्रोफेशनल चोरों / टप्पेबाजी करने वालों को भी हुनरमंद बना दिया है। रोजाना नए पैंतरे से राहजनी, लूट, चोरी, टप्पेबाजी हर कहीं घटित होती है। बीते सोमवार को बाँदा शहर के कालू कुआं मुहल्ले से ई-रिक्शा मे बैठकर फिजियोथेरेपी कराने मर्दन नाका निकट गूलर नाका जा रही बुजुर्ग महिला राजकुमारी को दो मोटरसाइकिल सवार शातिर युवकों ने पीछे से रोक लिया। उन्हें रोककर शहर मे रोजाना चोरी की बढ़ती घटनाओं का हवाला दिया। फिर टप्पेबाज बोले ‘हम पुलिस वाले है’ !!! आप जेवर उतार कर पन्नी / बैग मे रख लीजिए कोई घटना न हो जाये। आप अखबार नही पढ़ती क्या !!!


इस बातचीत मे मोटरसाइकिल पर पीछे बैठे व्यक्ति ने वृद्धा महिला से अंगूठी, सोने के कंगन ले लिए। फिर रिक्शा वाले से दबंगई पूर्वक कहा कि चलान हो जाएगा, इतनी देर से चिल्लाने के बावजूद नही सुनते हो, भगाए चले जा रहे हो !! इतना कहकर अनायास रफूचक्कर हो गए। गौरतलब है यह पूरी योजनाबद्ध तरीके से हुआ है। कहीं न कहीं यह दोनों शातिर युवक उक्त महिला की रेकी कर रहे थे। उधर घटनाक्रम पर मौके मे शहर कोतवाल श्री पंकज सिंह व अपर एसपी बाँदा श्री शिवराज सिंह पहुंचे। वहीं एसपी श्री अंकुर अग्रवाल ने प्रेसवार्ता मे ऑफिशियल बयान देते हुए घटना को विस्तार से बताया। एवं जल्द ही खुलासा करने की बात कही है। इस घटनाक्रम ने जनता मे अब यह सवाल छोड़ दिया कि क्या कोई भी पुलिस वाला बनकर चोरी / टप्पेबाजी की वारदात दिनदहाड़े करके चला जायेगा ? बेरोजगारी / महंगे खर्चे ने भी भीड़वादी युवाओं मे ऐसे शौक पैदा कर दिए है। हर हाथ मोबाइल अपराधों की जड़ है।

Like us share us

Related Articles

Back to top button